Wednesday, April 15, 2026
Homeछत्तीसगढ़स्वच्छता, पर्यावरण और आजीविका का संगम: चनवारीडांड प्लास्टिक प्रबंधन इकाई की सचिव...

स्वच्छता, पर्यावरण और आजीविका का संगम: चनवारीडांड प्लास्टिक प्रबंधन इकाई की सचिव भीम सिंह ने की सराहना

एमसीबी, छत्तीसगढ़। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के सचिव भीम सिंह ने मनेंद्रगढ़ प्रवास के दौरान जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ अंतर्गत ग्राम पंचायत चनवारीडांड में संचालित प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन इकाई का निरीक्षण किया और इसकी कार्यप्रणाली की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि यह इकाई स्वच्छ भारत मिशन के उद्देश्यों को जमीनी स्तर पर साकार करते हुए पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता, ग्रामीण रोजगार और संसाधन पुनर्चक्रण का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत कर रही है।निरीक्षण के दौरान स्वच्छता सेवकों एवं संबंधित कार्मिकों द्वारा अवगत कराया गया कि जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ की ग्राम पंचायतों तथा रूट चार्ट के अनुसार शहरी क्षेत्रों में स्थापित एसआरएलएम केंद्रों से प्लास्टिक अपशिष्ट का नियमित एकत्रीकरण किया जाता है। सभी नगर निकायों के साथ किए गए अनुबंध के माध्यम से प्लास्टिक को चनवारीडांड स्थित प्रबंधन इकाई तक लाया जाता है, जहां पृथक्करण उपरांत उसका श्रेडर किया जाता है। इस श्रेडर प्लास्टिक का उपयोग प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत सड़क निर्माण में किया जा रहा है, जिससे प्लास्टिक अपशिष्ट का सुरक्षित एवं उपयोगी निपटान सुनिश्चित हो रहा है।

इकाई के माध्यम से अब तक लगभग 2600 किलोग्राम श्रेडर प्लास्टिक पीएमजीएसवाई को प्रदाय किया जा चुका है, जबकि 450 किलोग्राम श्रेडर प्लास्टिक वर्तमान में स्टॉक में उपलब्ध है, जिसे शीघ्र ही सड़क निर्माण कार्यों में उपयोग हेतु प्रदाय किया जाएगा। इस पहल से जहां प्लास्टिक से होने वाली गंदगी में उल्लेखनीय कमी आई है, वहीं दूसरी ओर स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित हुए हैं और महिला स्वसहायता समूहों को आर्थिक गतिविधियों से जोड़ा गया है।

सचिव भीम सिंह ने इकाई की कार्यक्षमता को और सुदृढ़ करने के उद्देश्य से स्वच्छ भारत मिशन अंतर्गत स्वच्छ भारत कोष से इसे मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे जिले में बड़े पैमाने पर प्लास्टिक अपशिष्ट का वैज्ञानिक एवं सतत निपटान संभव होगा तथा भविष्य में और अधिक महिलाओं को आजीविका से जोड़ा जा सकेगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में जिले में निर्मित होने वाली सभी सड़कों में श्रेडर प्लास्टिक का अनिवार्य रूप से उपयोग किया जाएगा।

निरीक्षण के दौरान कार्यपालन अभियंता प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना एवं जिला समन्वयक स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण राजेश जैन, उप अभियंता शैलेश गुप्ता, ग्राम पंचायत चनवारीडांड के सरपंच सोनू सिंह, सचिव अनिल सिंह, क्लस्टर समन्वयक प्रभा पयासी सहित स्वच्छाग्राही एवं संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

RELATED ARTICLES

विज्ञापन

- Advertisment -

देश

Recent Comments