एमसीबी। छत्तीसगढ़ शासन महिला एवं बाल विकास विभाग, रायपुर के निर्देशानुसार एकीकृत बाल विकास परियोजना भरतपुर अंतर्गत आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया पारदर्शी एवं नियमसम्मत ढंग से अंतिम चरण में पहुँच गई है। यह प्रक्रिया 02 अप्रैल 2008 में निहित नियम 13 (1), (2), (3), (4), (5), (6) के प्रावधानों के तहत संपन्न की जा रही है। परियोजना के अंतर्गत 11 सितंबर 2025 को जारी विज्ञापन के माध्यम से आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के 05 एवं सहायिका के 35 पदों सहित कुल 40 पदों के लिए पात्र अभ्यर्थियों से आवेदन आमंत्रित किए गए थे। आवेदन प्राप्ति के बाद आंगनबाड़ी केंद्र कुदरा से सहायिका पद हेतु केवल एक तथा मनौरा, बनासटोला एवं स्कूलपारा रूसनी से दो-दो आवेदन प्राप्त होने के कारण इन चार केंद्रों के लिए पुनः विज्ञापन जारी किया गया। परियोजना कार्यालय भरतपुर द्वारा प्राप्त आवेदनों का मूल्यांकन समिति के माध्यम से परीक्षण कर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के 05 एवं सहायिका के 31 पदों सहित कुल 36 पदों के लिए अनंतिम मूल्यांकन पत्रक – 04 तैयार कर 17 नवंबर 2025 को परियोजना कार्यालय, जनपद पंचायत भरतपुर एवं संबंधित ग्राम पंचायतों के सूचना पटल पर प्रकाशित किया गया था।
अनंतिम सूची के प्रकाशन के पश्चात दावा-आपत्ति अंतर्गत कुल 58 आवेदन प्राप्त हुए, जिनका समिति द्वारा सूक्ष्म परीक्षण कर विधिवत निराकरण किया गया। अंकसूची सत्यापन, निवास सत्यापन एवं परित्यक्तता प्रमाण पत्र सत्यापन लंबित रहने के कारण शेष पदों पर निर्णय उपरांत 15 जनवरी 2026 को आयोजित मूल्यांकन समिति की बैठक में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के 01 एवं सहायिका के 13 पदों सहित कुल 14 आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए अंतिम मूल्यांकन पत्रक – 04 तैयार किया गया। अंतिम मूल्यांकन सूची परियोजना कार्यालय भरतपुर एवं जनपद पंचायत कार्यालय भरतपुर के सूचना पटल पर प्रकाशित की जा रही है। यह पूरी प्रक्रिया महिला एवं बाल विकास विभाग की पारदर्शी नियुक्ति व्यवस्था तथा पात्र अभ्यर्थियों को अवसर प्रदान करने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

