Thursday, April 30, 2026
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सफलता की कहानी: महिला सशक्तिकरण की प्रेरक मिसाल: स्ट्रींग प्लेट व्यवसाय से बदली श्रीमती प्रेम लता टेकाम की जिंदगी

एमसीबी, छत्तीसगढ़। जिले की विकासखंड भरतपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत लरकोड़ा के ग्राम बड़काडोल की निवासी श्रीमती प्रेम लता टेकाम आज ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं के लिए प्रेरणा का प्रतीक बन चुकी हैं। सीमित संसाधनों और साधारण पारिवारिक परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने अपने साहस, मेहनत और आत्मविश्वास के दम पर सफलता की नई मिसाल कायम की है। उनकी यह प्रेरक यात्रा बताती है कि यदि महिलाओं को सही अवसर और सहयोग मिले तो वे न केवल अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत बना सकती हैं, बल्कि समाज में भी अपनी अलग पहचान बना सकती हैं।

स्वयं सहायता समूह से मिला आत्मनिर्भर बनने का अवसर

श्रीमती प्रेम लता टेकाम ने तारा महिला स्वयं सहायता समूह से जुड़कर अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव की दिशा में आगे बढ़ीं। समूह से जुड़ने के बाद उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनने का अवसर मिला। स्वयं सहायता समूह ने उन्हें न केवल आत्मविश्वास दिया, बल्कि अपने पैरों पर खड़े होने का मार्ग भी दिखाया। समूह की सहायता से उन्हें 1,50,000 रुपये का ऋण प्राप्त हुआ, जिसने उनके सपनों को साकार करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

साहसिक निर्णय से शुरू किया स्ट्रींग प्लेट का व्यवसाय

प्राप्त ऋण राशि का उन्होंने बहुत सोच-समझकर उपयोग किया और स्ट्रींग प्लेट निर्माण का कार्य शुरू करने का निर्णय लिया। यह निर्णय उनके जीवन का महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुआ। मेहनत और लगन के साथ उन्होंने अपने कार्य को आगे बढ़ाया और धीरे-धीरे अपने व्यवसाय को स्थिरता प्रदान की।

हर वर्ष बढ़ रही आय, परिवार को मिल रहा संबल

अपने व्यवसाय के माध्यम से श्रीमती प्रेम लता टेकाम आज प्रतिवर्ष लगभग 79,740 रुपये की आय अर्जित कर रही हैं। यह आय उनके परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। अब वे न केवल अपने परिवार की आवश्यकताओं को पूरा कर पा रही हैं, बल्कि भविष्य के लिए भी बेहतर योजनाएं बना रही हैं।

ग्रामीण महिलाओं के लिए बनीं प्रेरणा

प्रेम लता टेकाम की सफलता की कहानी आज गांव की अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणा बन चुकी है। उनकी मेहनत और आत्मनिर्भरता ने यह सिद्ध कर दिया है कि यदि महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर योजनाओं का लाभ लें तो वे अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकती हैं। आज वे अपने गांव और आसपास के क्षेत्रों की महिलाओं को भी आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित कर रही हैं।

मेहनत और आत्मविश्वास से बदली जिंदगी

श्रीमती प्रेम लता टेकाम की यह यात्रा इस बात का प्रमाण है कि दृढ़ संकल्प, मेहनत और सही मार्गदर्शन से कोई भी व्यक्ति अपनी परिस्थितियों को बदल सकता है। उनकी सफलता न केवल उनके परिवार के लिए गर्व का विषय है, बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणा का स्रोत भी बन गई हैं।

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