एमसीबी, छत्तीसगढ़। जिला कलेक्टर डी. राहुल वेंकट ने वर्चुअल माध्यम से जिले के समस्त विभागों की एक विस्तृत, गहन एवं अत्यंत महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले में संचालित समस्त शासकीय योजनाओं, जिला खनिज न्यास मद से स्वीकृत एवं प्रगतिरत विकास कार्यों, विभिन्न विभागों में लंबित प्रकरणों तथा प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री पोर्टल, जनदर्शन और ई-शिकायत पोर्टल पर प्राप्त जन शिकायतों का एक सप्ताह के भीतर निराकरण सुनिश्चित करना रहा। कलेक्टर ने सभी विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनसमस्याओं के निराकरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में कलेक्टर ने 16 अथवा 17 फरवरी 2026 को प्रस्तावित मुख्यमंत्री के जिले के दौरा कार्यक्रम को लेकर विस्तृत चर्चा की। इस दौरान सरगुजा प्राधिकरण से संबंधित आवश्यक जानकारियां साझा की गईं। कलेक्टर ने बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का जगन्नाथ मंदिर, चिरमिरी आगमन प्रस्तावित है, जिसे दृष्टिगत रखते हुए सभी विभागों से आपसी समन्वय स्थापित कर आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री द्वारा की जाने वाली संभावित घोषणाओं से संबंधित जानकारी सभी विभागों को समयबद्ध रूप से प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। बैठक में सरगुजा प्राधिकरण अंतर्गत अप्रारंभ कार्यों की जानकारी सभी जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।
इसके अतिरिक्त बजट से संबंधित जानकारी की समीक्षा की गई तथा आबकारी विभाग द्वारा नागपुर, कोटाडोल एवं चिरमिरी में प्रीमियम मदिरा दुकान खोलने से संबंधित प्रस्तावों पर चर्चा की गई। कलेक्टर ने सामाजिक उत्तरदायित्व निधि के अंतर्गत स्कूलों में सीसीटीवी कैमरे लगाने हेतु प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए। वहीं कलेक्टर ने 15 फरवरी 2026 को लाई में आयोजित होने वाले अमृतधारा महोत्सव की जानकारी देते हुए सभी विभागों को महोत्सव में स्टॉल लगाने, सभी जिला अधिकारियों को मुख्यालय में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने तथा आयोजन के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि महोत्सव के सफल आयोजन में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम सहित सभी विभागों को रोस्टर, अनुकंपा नियुक्ति एवं रिक्त पदों की जानकारी संचालनालय एवं जिला मुख्यालय को भेजने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि अनुकंपा नियुक्ति में आरक्षण रोस्टर की आवश्यकता नहीं होती। स्वास्थ्य विभाग, आदिवासी विभाग, पुलिस विभाग, पंचायत एवं शिक्षा विभाग सहित सभी संबंधित विभागों को पदोन्नति से संबंधित विस्तृत जानकारी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। जिला सेटअप में अनुकंपा नियुक्ति के अंतर्गत रिक्त पदों की जानकारी भी मंगाई गई। कलेक्टर ने कहा कि अनुकंपा नियुक्ति के लिए किसी नई समिति के गठन की आवश्यकता नहीं है क्योंकि समिति पूर्व से गठित है, सभी विभाग अपने प्रस्ताव संचालनालय को अनिवार्य रूप से भेजें।
कलेक्टर ने सभी विभागों को कार्यालयीन समय प्रातः 10 बजे से सायं 5ः30 बजे तक का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने, वर्चुअल नेटवर्क एवं उपस्थिति प्रबंधन प्रणाली को दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। छत्तीसगढ़ उपस्थिति लॉगिन प्रणाली के अंतर्गत रिपोर्टिंग अधिकार, अवकाश, आकस्मिक अवकाश एवं अर्जित अवकाश की तिथियों की नियमित निगरानी के निर्देश दिए गए। कार्यालय में ही उपस्थिति अनुप्रयोग डाउनलोड करने तथा ई-ऑफिस फाइल प्रणाली का अनिवार्य रूप से उपयोग करने के निर्देश दिए गए। अवकाश संबंधी अथवा अन्य सभी फाइलें ई-ऑफिस के माध्यम से ही संचालित की जाएंगी।
कलेक्टर ने प्राथमिक, माध्यमिक, हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी स्कूलों में आधार शिविर लगाने के निर्देश दिए। इन शिविरों में स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, पंचायत विभाग एवं समाज कल्याण विभाग से संबंधित कार्य किए जाएंगे। जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों एवं नगर पंचायतों के मुख्य नगर पंचायत अधिकारियों को तकनीकी स्वीकृति, जियो टैगिंग एवं विभागीय कार्यों की नियमित निगरानी के निर्देश दिए गए। जिन विभागों में कार्य संचालन में कमी पाई जाएगी, उनकी निगरानी जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी द्वारा की जाएगी। वहीं डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र लगाने के भी निर्देश दिए गए। नगर निगम आयुक्त चिरमिरी को प्रत्येक कार्य हेतु पृथक-पृथक तकनीकी स्वीकृति प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में लोक निर्माण विभाग, नगर पालिका, उच्च न्यायालय एवं वन विभाग के लंबित कार्यों की समीक्षा की गई। आधार किट की जानकारी लेते हुए कलेक्टर ने बताया कि जिले में स्वास्थ्य विभाग के दो एवं जिला पंचायत के दो कर्मचारी सफल हुए हैं। भरतपुर क्षेत्र में आधार शिविरों की नेटवर्क स्थिति की समीक्षा करते हुए दूरस्थ ग्रामों में जिला अधिकारियों से समन्वय कर कार्य करने के निर्देश दिए गए। जहां आधार शिविर तो लगे हैं लेकिन ऑपरेटर उपलब्ध नहीं हैं, वहां तत्काल सूचना देने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने जिला खनिज न्यास अंतर्गत गौण खनिज से संबंधित प्रस्ताव प्राप्त कर आगामी साक्षी परिषद की बैठक में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। मुख्य नगर अधिकारी मनेंद्रगढ़ को जिला खनिज न्यास से संचालित कार्यों की जानकारी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। लोक निर्माण विभाग से कोटाडोल एवं आमाखेरवा से संबंधित जानकारी ली गई तथा भूमि चिन्हांकन एवं अतिक्रमण हटाने को लेकर चर्चा की गई।
बैठक में जिला स्तरीय समन्वय समिति की बैठक, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा झगराखांड में स्वचालित टेलर मशीन की स्थापना, महिला एवं बाल विकास विभाग के विद्युतीकरण कार्य, प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना, कलेक्ट्रेट कार्यालय में एटीएम मशीन संचालन तथा मुख्यमंत्री बस सेवा से संबंधित विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। खंडहर बसों एवं एक ही लाइसेंस पर एक मार्ग में कई बार बस संचालन की शिकायतों पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। जिन विभागों में बजट प्रावधान संख्या उपलब्ध नहीं है, उन्हें अन्य विभाग की बजट प्रावधान संख्या का उपयोग कर कार्य करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने सभी स्कूलों के प्राचार्यों को अपार पहचान पत्र का पुनः सत्यापन करने तथा जिला अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए। निर्धारित समय सीमा में कार्य पूर्ण नहीं होने पर संबंधित प्राचार्य एवं विकासखंड शिक्षा अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई की चेतावनी दी गई। सभी विकासखंडों में मृत्यु प्रमाण पत्र ऑनलाइन अपलोड करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में सरस्वती साइकिल योजना, महतारी दुलार योजना, अपार पहचान पत्र, लोक निर्माण विभाग के पुल निर्माण कार्य तथा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना परसगढ़ी के सभी स्वीकृत प्रस्तावों का मुख्यमंत्री द्वारा भूमिपूजन कराने के निर्देश दिए गए। स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत विद्यालयों की साफ-सफाई की तस्वीरें जिला एवं विकासखंड अधिकारियों को भेजने के निर्देश दिए गए। विद्युत विभाग को खोंगापानी क्षेत्र में जहां-जहां विद्युत लाइन गई है, वहां कार्ययोजना तैयार करने तथा दक्षिण पूर्वी कोलफील्ड्स लिमिटेड की विद्युत लाइन को डिस्कनेक्ट करने के निर्देश दिए गए। जिन विभागों द्वारा विद्युत बिल जमा किया गया है, उनकी बजट प्रावधान संख्या की जानकारी पत्र के माध्यम से विद्युत विभाग को उपलब्ध कराने को कहा गया। इसके साथ ही श्रम विभाग को असंगठित कर्मकार योजना अंतर्गत 18 से 40 वर्ष आयु वर्ग के श्रमिकों का प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना में अधिक से अधिक पंजीयन कराने के निर्देश दिए गए, जिसमें 60 वर्ष की आयु के पश्चात 3000 रुपये मासिक पेंशन का प्रावधान है। बैठक में कक्षा दसवीं एवं बारहवीं की बोर्ड परीक्षाओं की तैयारियों पर चर्चा की गई तथा वर्ष 2023 की लंबित मुख्यमंत्री घोषणाओं की पूर्ण जानकारी प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए गए।

