तमिलनाडु! करूर जिले में हुई दर्दनाक भगदड़ की घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया है। धार्मिक आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ में मची अफरा-तफरी में कई लोगों की मौत हो गई, जबकि अनेक लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। हादसे के बाद प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य तेज़ी से शुरू किया, वहीं केंद्र सरकार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच की जिम्मेदारी सीबीआई को सौंप दी है। सीबीआई की विशेष टीम अब घटनास्थल पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाने और चश्मदीदों के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू करेगी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, भीड़ नियंत्रण में लापरवाही और व्यवस्थागत कमी इस दुखद हादसे की मुख्य वजह बताई जा रही है, हालांकि इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की है और घायलों के इलाज की पूरी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन ने इस हृदयविदारक घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है और प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदना जताई है। करूर की यह घटना एक बार फिर बड़े आयोजनों में सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन की व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है।

