Tuesday, January 13, 2026
Homeसफलता की कहानीसफलता की कहानी: अमित सिंह की मेहनत को मिला पारदर्शी व्यवस्था का...

सफलता की कहानी: अमित सिंह की मेहनत को मिला पारदर्शी व्यवस्था का संबल, चैनपुर केंद्र में 40 क्विंटल धान विक्रय

एमसीबी, छत्तीसगढ़। जिले के विकास खण्ड मनेंद्रगढ़ के ग्राम पंचायत भलौर के युवा और परिश्रमी किसान अमित सिंह इस वर्ष धान खरीदी व्यवस्था की पारदर्शिता और गति के प्रत्यक्ष उदाहरण बने हैं। वर्षों से खेती में मेहनत करने वाले अमित सिंह के लिए खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 का यह सीजन खास रहा-क्योंकि पहली बार उन्हें खरीदी केंद्र में न तो कोई प्रतीक्षा का तनाव झेलना पड़ा और न ही किसी प्रक्रिया में कोई बाधा। अमित सिंह आज चैनपुर उपार्जन केंद्र पहुँचे और अपनी मेहनत की उपज-40 क्विंटल धान का विक्रय बिना किसी परेशानी के पूरा किया। जहाँ पहले टोकन और तौल में देरी आम बात थी, वहीं इस बार ऑनलाइन टोकन, डिजिटल तौल, और समयबद्ध भुगतान प्रक्रिया ने उनकी पूरी खरीदी को सहज, तेज और भरोसेमंद बना दिया।

अमित बताते हैं-“पहली बार लगा कि खेती की मेहनत का सही सम्मान मिल रहा है। न भीड़, न इंतज़ार सब कुछ समय पर। यह व्यवस्था किसानों के लिए बड़ी राहत है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी और प्रशासन की पहल का हम आभार व्यक्त करते हैं।”

इस वर्ष सरकार द्वारा घोषित 3100 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य और प्रति एकड़ 21 क्विंटल स्वीकृति सीमा ने उनकी आर्थिक मजबूती को और बढ़ाया है। वे कहते हैं कि यह राशि उनके परिवार, खेती और अगली फसल की तैयारी के लिए बहुत सहायक है। उधर, जिला प्रशासन की नियमित मॉनिटरिंग और उपार्जन केंद्रों की दुरुस्त व्यवस्था ने किसानों का मनोबल और भरोसा दोनों बढ़ाया है। चैनपुर केंद्र में लगातार बढ़ रही किसानों की उपस्थिति इसे और भी प्रमाणित करती है।

RELATED ARTICLES

विज्ञापन

- Advertisment -

देश

Recent Comments