Sunday, January 11, 2026
Homeछत्तीसगढ़जिले में आधार सेवाओं में तेजी: कलेक्टर की सख्त मॉनिटरिंग, हर नागरिक...

जिले में आधार सेवाओं में तेजी: कलेक्टर की सख्त मॉनिटरिंग, हर नागरिक को मिलेगा लाभ

एमसीबी, छत्तीसगढ़। जिला के कलेक्ट्रेट कार्यालय स्थित सभाकक्ष में आज जिला स्तरीय आधार निगरानी समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता कलेक्टर डी. राहुल वेंकट ने की। बैठक में भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) के प्रतिनिधि सौरभ रामटेक तथा सरगुजा संभाग समन्वयक (आधार एवं चिप्स रायपुर) रूबल पाण्डेय विशेष रूप से उपस्थित रहे। बैठक में अपर कलेक्टर श्रीमती नम्रता डोंगरे, विनायक शर्मा सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी शामिल हुए।

जिला स्तरीय आधार निगरानी समिति की बैठक में हैदराबाद से आए यूआईडीएआई प्रतिनिधि सौरभ रामटेक ने जानकारी दी कि सरगुजा संभाग में यह आधार निगरानी समिति की पहली बैठक है। बैठक के दौरान जिले में आधार नामांकन एवं अद्यतन कार्यों की प्रगति, लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण तथा आम नागरिकों को आधार सेवाएं और अधिक सुगम, सरल एवं सुलभ बनाने को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।

आधार से कोई भी नागरिक वंचित न रहे: कलेक्टर

कलेक्टर ने कहा कि आधार आज लगभग सभी शासकीय योजनाओं, छात्रवृत्ति, बैंकिंग, पेंशन, शिक्षा एवं पहचान से जुड़ी एक अनिवार्य कड़ी बन चुका है, इसलिए जिले में किसी भी नागरिक को आधार के अभाव में किसी भी सुविधा से वंचित नहीं रहना चाहिए। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी, समस्त विकासखंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ), मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा महिला एवं बाल विकास विभाग को निर्देश दिए कि जिले में अतिरिक्त आधार नामांकन एवं अद्यतन केंद्र स्थापित किए जाएं, ताकि दूरस्थ, वनांचल एवं दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों को भी आसानी से आधार संबंधी सेवाएं प्राप्त हो सकें।

बच्चों के बायोमेट्रिक अपडेट को सर्वोच्च प्राथमिकता

कलेक्टर ने आधार सैचुरेशन शत-प्रतिशत सुनिश्चित करने पर जोर देते हुए विशेष रूप से 05 से 07 वर्ष एवं 15 से 17 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के बायोमेट्रिक अद्यतन को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन बच्चों का बायोमेट्रिक अब तक अपडेट नहीं हुआ है, उनका कार्य शीघ्र पूर्ण किया जाए, ताकि 12वीं के बाद उच्च शिक्षा, प्रवेश प्रक्रिया, छात्रवृत्ति एवं अन्य शासकीय सुविधाओं में किसी भी प्रकार की तकनीकी बाधा उत्पन्न न हो।

पिन कोड विसंगतियों के शीघ्र निराकरण के निर्देश

बैठक में यह भी अवगत कराया गया कि विकासखंड खड़गवां के ग्राम चित्ताझोर, केराडोल, चिरमिरी-एम-कार्प, कोरिया कॉलरी, केल्हापानी, विकासखंड मनेंद्रगढ़ के ग्राम झगराखांड तथा विकासखंड भरतपुर के ग्राम आरा में पिन कोड संबंधी विसंगतियां अभी भी बनी हुई हैं। कलेक्टर ने यूआईडीएआई के प्रतिनिधियों से इन ग्रामों के पिन कोड शीघ्र अपडेट कराने का आग्रह किया।

आधार लिंक जन्म पंजीकरण और धोखाधड़ी पर सख्त निगरानी

बैठक में आधार लिंक जन्म पंजीकरण, मोबाइल नंबर अपडेट, आधार सीडिंग, आधार वेरिफिकेशन तथा आधार से जुड़ी संभावित धोखाधड़ी गतिविधियों की निरंतर निगरानी पर विशेष जोर दिया गया। कलेक्टर ने आधार नामांकन केंद्रों की कार्यप्रणाली, नागरिकों की शिकायतों के निराकरण, सीआरएम संचालन तथा जिला एवं राज्य स्तर पर दर्ज शिकायतों के शीघ्र समाधान के संबंध में अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली और आवश्यक निर्देश दिए।

यू-डाइस प्लस पोर्टल पर विशेष फोकस

बैठक में यू-डाइस प्लस ( UDISE + ) पोर्टल के महत्व पर भी विस्तार से चर्चा की गई। बताया गया कि यह स्कूल शिक्षा का राष्ट्रीय डिजिटल डेटाबेस है, जिसमें जिले के सभी विद्यालयों, विद्यार्थियों और शिक्षकों का संपूर्ण विवरण दर्ज होता है। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि नामांकन, उपस्थिति, ड्रॉपआउट, आधार लिंक स्थिति, विद्यालय सुविधाएं, भवन संरचना, परीक्षा परिणाम एवं शिक्षकों का विवरण नियमित रूप से सही और समय पर अपडेट किया जाए। जिन विद्यार्थियों का डेटा अपडेट या वैलिडेशन लंबित है, उनका री-वैलिडेशन अनिवार्य रूप से सुनिश्चित किया जाए। इन्हीं आंकड़ों के आधार पर छात्रवृत्ति, साइकिल वितरण, पाठ्यपुस्तक, गणवेश, पोषाहार, योजनाओं के क्रियान्वयन एवं बजट आवंटन जैसे महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाते हैं।

माय आधार पोर्टल से घर बैठे मिलेंगी सेवाएं

बैठक में माय आधार पोर्टल के संबंध में भी विस्तृत जानकारी दी गई। बताया गया कि यह यूआईडीएआई का अधिकृत ऑनलाइन प्लेटफॉर्म है, जिसके माध्यम से नागरिक अपने आधार से जुड़ी लगभग सभी सेवाओं का लाभ घर बैठे उठा सकते हैं।

इस पोर्टल के माध्यम से नाम, पता, जन्मतिथि, मोबाइल नंबर, ई-मेल आईडी अपडेट, ई-आधार डाउनलोड, आधार पुनर्मुद्रण, अपॉइंटमेंट बुकिंग, आधार स्टेटस, वेरिफिकेशन, पीवीसी कार्ड ऑर्डर, परिवार आईडी लिंक तथा बच्चों के आधार अपडेट जैसी सेवाएं उपलब्ध हैं। बैठक में बताया गया कि ऑनलाइन दस्तावेज अपडेट की सुविधा वर्तमान में निःशुल्क उपलब्ध है, इसलिए इसके लिए व्यापक जन जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।

 

*नियमित समीक्षा बैठक अनिवार्य*

बैठक में एमबीयू शिविरों के आयोजन, यू-डाइस अपडेट में तेजी, 18 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्तियों के नामांकन सत्यापन तथा 100 वर्ष से अधिक आयु के हटाए गए आधार कार्डों के पुनः सत्यापन को लेकर भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिला स्तरीय आधार निगरानी समिति की बैठक प्रत्येक तीन माह में नियमित रूप से आयोजित की जाए तथा बैठक की कार्यवाही का प्रतिवेदन छत्तीसगढ़ इन्फोटेक प्रमोशन सोसायटी (चिप्स), रायपुर को अनिवार्य रूप से प्रेषित किया जाए।

कलेक्टर ने विश्वास व्यक्त किया कि इन सभी प्रयासों से जिले में आधार सेवाओं, शिक्षा प्रणाली एवं शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता, गति और गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार होगा तथा आम नागरिकों, विद्यार्थियों और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त होगा।

RELATED ARTICLES

विज्ञापन

- Advertisment -

देश

Recent Comments