एमसीबी, छत्तीसगढ़। कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) दिल्ली मुख्य कार्यालय ने एमसीबी जिले में मानकों के विपरीत एवं नियमों का उल्लंघन कर संचालित हो रहे सेवा केंद्रों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करते हुए 41 सीएससी आईडी को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। इस कार्रवाई के बाद जिलेभर के सीएससी संचालकों में हड़कंप मच गया है। जांच में यह स्पष्ट हुआ कि कई केंद्र आवश्यक मानकों का पालन किए बिना ही सेवाएं प्रदान कर रहे थे।
जांच में उजागर हुई गंभीर अनियमितताएं
सीएससी के जिला प्रबंधक श्री सौरभ उपाध्याय ने बताया कि जिले में लंबे समय से सीएससी केंद्रों की नियमित निगरानी की जा रही थी। जांच के दौरान अनेक केंद्रों में गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। कई स्थानों पर स्थायी कार्यालय के बिना संचालन, अनिवार्य कॉमन ब्रांडिंग एवं बैनर का अभाव, तथा शासन द्वारा निर्धारित रेट चार्ट का प्रदर्शन नहीं होना पाया गया। इसके अलावा कुछ मामलों में सीएससी आईडी के बजाय अन्य माध्यमों से लेनदेन किए जाने जैसी गंभीर लापरवाहियां भी सामने आईं, जो नियमों का स्पष्ट उल्लंघन हैं।
अब संचालन के लिए ये मानक होंगे अनिवार्य
जिला प्रशासन एवं सीएससी कार्यालय ने स्पष्ट कर दिया है कि भविष्य में केवल वही सीएससी केंद्र संचालित किए जाएंगे जो सभी निर्धारित मानकों का पूर्णतः पालन करेंगे। प्रत्येक केंद्र के लिए निश्चित एवं स्थायी स्थान अनिवार्य होगा। मानक ब्रांडिंग बैनर केवल प्रतीकात्मक रूप से नहीं, बल्कि फ्रेम कर सुव्यवस्थित तरीके से प्रदर्शित करना होगा, जिसमें स्टेट लोगो एवं सीएससी आईडी स्पष्ट रूप से अंकित हों। पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए शासन द्वारा निर्धारित रेट चार्ट का प्रमुख स्थान पर प्रदर्शन अनिवार्य किया गया है। साथ ही सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी वीएलई ( VLE) के लिए पुलिस वेरिफिकेशन भी अनिवार्य कर दिया गया है।
निरस्त आईडी पुनः चालू करने की प्रक्रिया
जिन सीएससी संचालकों की आईडी निरस्त की गई है, उन्हें निर्देश दिए गए हैं कि वे सभी आवश्यक मानकों के अनुरूप अपने केंद्रों की व्यवस्था दुरुस्त करें। इसके पश्चात सभी आवश्यक साक्ष्यों के साथ जिला प्रबंधक से संपर्क करने पर प्रकरणों की पुनः समीक्षा की जाएगी। प्रशासन ने साफ संदेश दिया है कि अब केवल नियमों के दायरे में रहकर, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण सेवाएं देने वाले केंद्रों को ही संचालन की अनुमति दी जाएगी।

