एमसीबी, छत्तीसगढ़। जिला कार्यालय में कलेक्टर डी. राहुल वेंकट की अध्यक्षता में समय-सीमा बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में डीएमएफ मद से स्वीकृत कार्यों, प्रधानमंत्री/मुख्यमंत्री पोर्टल, जन शिकायतों तथा सरगुजा प्राधिकरण के लंबित प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने बैठक की शुरुआत एसडीएम, बीईओ और जनपद सीईओ खड़गवां को उच्च न्यायालय से संबंधित प्रकरणों के प्राथमिकता से त्वरित निराकरण के निर्देश देकर की।
बजट प्रस्ताव और नए कार्यों पर जोर
कलेक्टर ने सभी विभागों को बड़े कार्यों के प्रस्ताव शीघ्र संचालनालय भेजने के निर्देश दिए। जनकपुर शहरी क्षेत्र के प्रस्तावों, पशुधन विभाग के बकरी पालन, मत्स्य विभाग के केज कल्चर विस्तार, नागपुर उप-तहसील प्रस्ताव तथा महिला एवं बाल विकास विभाग के किराये के भवन की जगह नए भवन हेतु प्रस्ताव भेजने पर बल दिया गया। आगामी बजट में नए कार्य जोड़ने हेतु पीडब्ल्यूडी, कृषि, पशुपालन, मत्स्य आदि विभागों को विधायकों के माध्यम से प्रस्ताव सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए। डीएमएफ, बजट, ई-कार्यालय प्रणाली, सड़क निर्माण और आंगनवाड़ी से संबंधित कार्यों की भी व्यापक समीक्षा की गई। कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग, जनपद और महिला एवं बाल विकास विभाग को समन्वय के साथ वजन त्योहार को सफल बनाने के लिए आवश्यक तैयारी सुनिश्चित करने कहा। साथ ही प्रत्येक जनपद में महीने में एक बार ब्लड डोनेशन कैंप आयोजित करने के निर्देश दिए। रेशम विभाग को केल्हारी, कछौड़ और डांडहंसवाही में रेशम पालन को बढ़ावा देने तथा कोकून बैंक स्थापित करने की कार्ययोजना तैयार करने कहा गया।
ई-खरीद, जेम प्रशिक्षण और ई-कार्यालय व्यवस्था लागू करने पर जोर
भरतपुर, खड़गवां और मनेंद्रगढ़ में ई-खरीद पहचान संख्या बनाए जाने पर जोर देते हुए, उद्योग विभाग को तीनों जनपदों में जेम प्रशिक्षण आयोजित करने की कार्ययोजना तैयार करने निर्देशित किया गया। जिले में ई-कार्यालय प्रणाली को पूर्ण रूप से लागू करने कहा गया, जिसके तहत सभी पत्राचार,सामान्य पत्र, सूचना और नोटिस केवल ऑनलाइन माध्यम से किए जाएंगे। इससे संबंधित तकनीकी समस्याओं के समाधान की जिम्मेदारी अपर कलेक्टर विनायक शर्मा को सौंपी गई।
विभागों को समन्वित कार्ययोजना बनाने के निर्देश
जिला पंचायत सीईओ ने मत्स्य विभाग को डबरी एवं अमृत सरोवरों में मछली पालन की अद्यतन जानकारी प्रस्तुत करने कहा। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास (अप्रारंभ) की वसूली तथा मुक्तिधामों में पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को दिए। मत्स्य, पशुधन, कृषि एवं उद्यान विभाग को चिन्हांकित धरती आबा ग्रामों में रोजगार प्रदान करने हेतु सामूहिक हितग्राही-मुखी प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए।
निर्माण कार्यों, भूमि एवं संसाधन संबंधित मामलों की समीक्षा
अपर कलेक्टर श्रीमती नम्रता डोंगरे ने विभिन्न विभागों में आंगनबाड़ी केंद्रों के मरम्मत कार्यों की समीक्षा कर निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही डीएमएफ मद से स्वीकृति हेतु कार्य प्रस्ताव जल्द प्रस्तुत करने कहा। अपर कलेक्टर विनायक शर्मा ने नगरीय निकायों में जल जीवन मिशन की प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी घरों में नल कनेक्शन से जलापूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अमृत मिशन से जुड़े सीवरेज/सेप्टेज प्रबंधन, जल निकायों के पुनर्जीवन और जल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने से जुड़े निर्देश भी दिए।
कलेक्टर ने दी चेतावनी-समय-सीमा में कार्य पूर्ण करें
बैठक में आरसीटी, वन विभाग, डीएवी चिरमिरी, अतिरिक्त भूमि, रेत खदान, भूमि आवंटन, उधनापुर तथा कोटाडोल/देवाडांड से जुड़े मामलों पर विस्तृत समीक्षा की गई। संबंधित विभागों को सामान्य सभा में अनिवार्य उपस्थिति तथा प्रकरणों की सटीक जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने लोक निर्माण विभाग, तहसील कार्यालय तथा कलेक्ट्रेट भवन में चल रहे सभी कार्यों को तेजी से पूर्ण करने कहा। साथ ही चेतावनी दी कि विकास कार्यों एवं जनहित योजनाओं में किसी प्रकार की लापरवाही या विलंब कदापि स्वीकार नहीं किया जाएगा। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्रीमती अंकिता सोम शर्मा, अपर कलेक्टर श्रीमती नम्रता डोंगरे, अनिल कुमार सिदार, विनायक शर्मा, इंद्रा मिश्रा सहित सभी एसडीएम, जनपद सीईओ और विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

